अग्निपथ के विरोध में सड़क पर उतरी कांग्रेस, कैंडिल मार्च में सेना भर्ती की तैयारी कर रहे युवाओं का प्रदर्शन

0
19

हल्द्वानी, अमृत विचार। सेना में भर्ती को लेकर केंद्र सरकार की ओर से लाई गई अग्निपथ योजना पर मचे बवाल के बीच भारतीय सेना का बड़ा बयान सामने आया है। तीनों सेनाओं ने संयुक्त प्रेस कांफ्रेस के दौरान बयान जारी करते हुए कहा है कि अग्निपथ योजना को वापस नहीं लिया जाएगा। इन सबके बीच अब अग्निपथ योजना के विरोध में सियासत भी गरमा गई है।

Advertisement

आज हल्द्वानी में उत्तराखंड कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष करन माहरा के नेतृत्व में कांग्रेस के तमात दिग्गज और कार्यकर्ता एकजुट हुए। दोपहर में तिकोनिया स्थित पंत पार्क में धरना प्रदर्शन के बाद शाम को कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने पार्टी के वरिष्ठ पदाधिकारियों के साथ बुद्ध पार्क से नैनीताल कॉपरेटिव बैंक तक कैंडिल मार्च निकाला और अग्निपथ योजना को वापस लेने की मांग की। इस दौरान हल्द्वानी पुलिस द्वारा प्रदर्शनकारी युवाओं पर लाठीचार्ज की निंदा की गई।

कैंडिल मार्च में कांग्रेस कार्यकर्ताओं के साथ-साथ सेना भर्ती की तैयारी कर रहे युवा भी शामिल हुए। युवाओं ने प्रतीकात्मक तौर पर बीच सड़क पर डिप्स लगाकर विरोध दर्ज कराया। उग्र प्रदर्शन की आशंका में जिले भर से पुलिस फोर्स सुबह से ही शहर में मौजूद रहा। इस दौरान कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष करन माहरा ने कहा कि पुलिस ने युवाओं के खिलाफ मुकदमे दर्ज किए हैं। उन्होंने कहा कि हल्द्वानी बार एसोसिएशन ने युवाओं के मुकदमे निशुल्क लड़ने का ऐलान किया है, यह काबीलेतारीफ है।

नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य ने कहा कि मोदी सरकार अग्निपथ के नाम पर देश के युवाओं को छलने का काम कर रही है। हल्द्वानी में शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे युवाओं को पुलिस ने लाठियां भांजी, इसको कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

खटीमा से विधायक और उप नेता प्रतिपक्ष भुवन कापड़ी ने कहा कि सरकार ने तुगलकी फरमान जारी कर देश की सुरक्षा के साथ खिलवाड़ किया है। उन्होंने कहा कि चार साल के बाद जो 75 फीसदी युवा सेना से बाहर होंगे सोचकर देखिए उनपर क्या बितेगी।

हल्द्वानी विधायक सुमित हृदयेश ने कहा कि हल्द्वानी के युवाओं पर पुलिस ने पहले लाठीचार्च किया और फिर गंभीर धाराओं में मुकदमे दर्ज कर दिए। सरकार को देश के सुरक्षा और युवाओं के भविष्य को ध्यान में रखते हुए अग्निपथ योजना को वापस लेना ही होगा।